Jun 29, 2026

June 29, 2026

बहराइच: हुजूरपुर थाने में महिला आरक्षी का शव फंदे से लटका मिला

 हुजूरपुर थाने में तैनात 25 वर्षीय महिला आरक्षी ज्योति पासवान के कमरे से उनका शव फंदे पर लटका मिला; मौके पर फॉरेंसिक टीम भेजी गई, मामले की जांच जारी है।

बहराइच। सोमवार की देर शाम हुजूरपुर थाने में तैनात महिला आरक्षी का शव उसके थाने के ऊपर बने कमरे में फंदे से लटका मिला, जिससे थाने में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान महराजगंज जिले की रहने वाली 25 वर्षीय ज्योति पासवान के रूप में हुई है। वह 2019 बैच की सिपाही थीं और करीब डेढ़ साल से हुजूरपुर थाने में तैनात थीं।पुलिस सूत्रों ने बताया कि ज्योति सोमवार शाम लगभग पांच बजे जिला मुख्यालय से थाने पहुंची और अपने कमरे में चली गईं। करीब आधे घंटे बाद थाने के अन्य कर्मचारियों ने ऊपर जाकर देखा तो उनका शव पंखे से लटका हुआ था। कर्मचारियों ने आनन‑फानन शव को नीचे उतारा और प्रथम दृष्टया सूचना देकर मौके पर निजी चिकित्सक कुशल कुमार को बुलाया, जिन्होंने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।घटना की सूचना पाकर क्षेत्राधिकारी कैसरगंज धीरेंद्र श्रीवास्तव और अपर पुलिस अधीक्षक नगर आयुष विक्रम सिंह भी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को बुलाकर स्थल पर भेजा गया है और शव का पोस्टमार्टम कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और प्रारंभिक रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा।पुलिस ने थाने में तैनात कर्मचारियों से पूछताछ शुरू कर दी है तथा सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। अप्रत्यक्ष रूप से घटना को लेकर थाने व आसपास के लोगों में शोक और चिंता का माहौल है। अधिकारी मामले के सम्बन्ध में आगे की जानकारी सार्वजनिक करेंगे।

June 29, 2026

निरुद्ध सिद्धदोष बंदी अर्थदण्ड राषि जमा कराकर किया गया रिहा

निरुद्ध सिद्धदोष बंदी अर्थदण्ड राषि जमा कराकर किया गया रिहा

बहराइच । जिला कारागार बहराइच में निरुद्ध सिद्धदोष बंदी हनुमान प्रसाद चौरसिया पुत्र श्याम लाल निवासी कल्लू पुरया सूपगंज बाजार थाना पयागपुर जनपद बहराइच को धारा 308, 323, 324, 325 आईपीसी थाना पयागपुर जनपद बहराइच के वाद अन्तर्गत माननीय न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीष/एफटीसी द्वितीय, बहराइच द्वारा 06 वर्ष सश्रम कारावास एवं रूपये 22,000 अर्थदण्ड के व्यतिक्रम में 70 दिन के अतिरिक्त कारावास के दण्ड से दन्छित होकर इस कारागार में निरुद्ध था। उक्त बंदी 06 वर्ष सक्षम कारावास पूर्ण करने के पश्चात् अर्थदण्ड के व्यतिक्रम में कारावास भोग रहा था। उक्त बंदी अत्यन्त गरीब एवं निर्धन होने के कारण अर्थदण्ड जमा नहीं कर पा रहा था। अधीक्षक, जिला कारागार बहराइच के व्यक्तिगत प्रयास करने के उपरान्त 29 जून 2026 को 3000 अपराधनिक समिति, बहराइच के सहयोग से उक्त अर्थदण्ड की राशि 22,000 मागमीय न्यायालय में जमा कर जुर्माना रशीद प्राप्ति के पश्चात् उक्त बंदी को नियमानुसार इस कारागार से रिहा कर दिया गया।


June 29, 2026

दानवीर भामाशाह जयंती पर व्यापारी कल्याण दिवस का आयोजन, उत्कृष्ट व्यापारियों का हुआ सम्मान

 दानवीर भामाशाह जयंती पर व्यापारी कल्याण दिवस का आयोजन, उत्कृष्ट व्यापारियों का हुआ सम्मान

बहराइच । दानवीर भामाशाह जी की जयंती के उपलक्ष्य में कपूरथला परिसर स्थित उत्थान ऑडिटोरियम में व्यापारी कल्याण दिवस का आयोजन उत्साहपूर्वक किया गया। इस अवसर पर आयोजित सम्मान समारोह में सर्वाधिक राजस्व कर जमा करने वाले व्यापारियों को ‘भामाशाह सम्मान’ से सम्मानित किया गया। साथ ही समाज सेवा, जनकल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सामाजिक सरोकारों के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यापारियों को भी प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। व्यापारी कल्याण दिवस के अवसर पर व्यापारियों द्वारा दानवीर भामाषाह के चित्र पर माल्यार्पण किया गया। व्यापारी कल्याण दिवस के अवसर अधिकतम जीएसटी राजस्व देने वाले टर्नओवर कुल 10 कर दाताओं श्रावस्ती किसान सहकारी समिति लिमिटेड, मेसर्स अवध साल्वेक्स लि., मेसर्स सील बायोटेक लि., मेसर्स षीतल फार्मास्युटिकल प्रा. लि., मेसर्स साहू सुरती भण्डार, मेसर्स नानपारा वुड प्रोडक्ट्स, जी विनियर एंड प्लाईवुड, मेसर्स अमृत सत्य, मेसर्स सेफ्टी सिक्योरिटी एजेन्सी, अंषुमन एंटरप्राइजेज को स्मृति चिन्ह एवं भामाषाह सम्मान प्रमाण से सम्मानित किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश विधान परिषद के माननीय सदस्य पदमसेन चौधरी रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम करन टेकड़ीवाल उपस्थित रहे। अतिथियों ने अपने संबोधन में कहा कि दानवीर भामाशाह का जीवन त्याग, राष्ट्रभक्ति, सेवा और समाज के प्रति समर्पण का प्रेरणास्रोत है। उन्होंने व्यापारियों से ईमानदारी के साथ व्यापार करने, समय पर कर अदा करने तथा सामाजिक उत्तरदायित्व का निर्वहन करने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि व्यापारी वर्ग देश और प्रदेश की अर्थव्यवस्था की मजबूत रीढ़ है। व्यापारियों द्वारा दिए जाने वाले कर से ही विकास कार्यों को गति मिलती है तथा जनकल्याणकारी योजनाओं का संचालन संभव होता है। इसलिए ईमानदार करदाताओं और समाजहित में कार्य करने वाले व्यापारियों का सम्मान समाज के लिए प्रेरणादायक है।कार्यक्रम में जनपद व्यापार मण्डल के विभिन्न पदाधिकारी श्री कुलभूषण प्रमोद डालमिया बृजमोहन मातनहेलिया शीतल विनोद टेकडीवाल, सदर विधायक प्रतिनिधि अषोक जायसवाल एवं अन्यथा मीडिया बन्धु उपस्थिति रहे। मुख्य अतिथि पद्मसेन चौधरी जी एवं विशिष्ट अतिथि श्यामकरण टेकडीवाल एवं अन्य व्यापार मण्डल के जिलाध्यक्ष/महामंत्री द्वारा अपने अभिभाषण महान दानवीर भामाशाह पर अपने विचारों को साझा किया और भविष्य में व्यापारियों को प्रोत्साहित करने के लिए ऐसे कार्यक्रम के आयोजन का सुझाव दिया गया। इस अवसर पर उपायुक्त (प्रषासन) राज्य कर सी.के. गौतम दानवीर भामाषाह के सम्बंध अपने विचार व्यक्त करने तथा भामाषाह पुरस्कार हेतु चयनित करदाताओं के नामों की घोषणा करने का अनुरोध किया गया।

June 29, 2026

कर्नलगंज में मकान गणना में बड़ा ‘खेल’: कादीपुर के 60 मकान पालिका में जोड़े, पालिका के 20 मकान गांव में दर्ज

 कर्नलगंज में मकान गणना में बड़ा ‘खेल’: कादीपुर के 60 मकान पालिका में जोड़े, पालिका के 20 मकान गांव में दर्ज

सीमांकन न होने का उठाया फायदा, संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम से जांच की मांग

जय प्रकाश सिंह ने लगाए गंभीर आरोप: ‘जानबूझकर की गई हेराफेरी, दोषियों पर हो कार्रवाई’

गोण्डा। नगर पालिका परिषद कर्नलगंज के सीमा विस्तार में बड़े पैमाने पर धांधली व फर्जीवाड़ा के बाद अब मकान गणना में बड़ी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। ग्राम कादीपुर निवासी जय प्रकाश सिंह पुत्र चंद्रकेश सिंह ने संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी को प्रार्थनापत्र देकर आरोप लगाया है कि सीमांकन न होने का फायदा उठाकर पालिका और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों ने मकान गणना में जमकर हेराफेरी की है।  

क्या है पूरा मामला?

जय प्रकाश सिंह के अनुसार, 

सन् 2022 में जारी शासनादेश के अनुसार नगर पालिका परिषद कर्नलगंज का सीमा विस्तार किया गया, जिसमें ग्राम पंचायत की कुल 208 गाटा संख्याऐं नगर पालिका परिषद कर्नलगंज में शामिल की गई। परन्तु आज तक सीमांकन कर विस्तार के उपरान्त नगर पालिका परिषद कर्नलगंज व ग्राम कादीपुर की सीमा को जरिये सीमांकन कर अलग नहीं किया गया है। इसी का बेजा लाभ उठाकर नगर पालिका परिषद कर्नलगंज- गोंडा के मकान गणना करने वाले कर्मचारियों द्वारा ग्राम कादीपुर के लगभग 60 मकान नगर पालिका परिषद कर्नलगंज में गिनती कर लिये गये, तथा ग्राम कादीपुर की मकान गणना करने वाले कर्मचारियों द्वारा सीमांकन ना होने के कारण नगर पालिका परिषद कर्नलगंज में आने वाले लगभग 20 मकान ग्राम पंचायत कर्नलगंज ग्रामीण में गिनती कर लिया गया है। ऐसी स्थिति में मकान गणना के दौरान की गई अनियमितता/हेराफेरी की जांच करवाते हुए दोषियों के विरुद्ध विधिक कार्यवाही करवाकर मकान गणना को दुरूस्त किया जाना अत्यंत आवश्यक है।डीएम से जांच और कार्रवाई की मांग जय प्रकाश सिंह ने तहसील कर्नलगंज में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी के समक्ष प्रार्थनापत्र देकर पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि मकान गणना में हुई अनियमितता को दुरुस्त कराया जाए और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाए।  

नगर पालिका व गांव के सीमांकन न होने से बढ़ा विवाद

स्थानीय लोगों का कहना है कि 2022 में सीमा विस्तार के बाद भी जमीन पर सीमांकन न होने से आए दिन विवाद हो रहे हैं। न तो पालिका को पता है कि कौन सा मकान उसके क्षेत्र में है और न ही ग्राम पंचायत को। इसी का फायदा उठाकर कर्मचारियों ने मनमानी गणना कर दी। इससे भविष्य में टैक्स, योजनाओं और विकास कार्यों में दिक्कत आएगी। सीमा विस्तार कागजों पर हो गया, लेकिन जमीन पर सीमांकन नहीं हुआ। नतीजा— मकान गणना में ‘खेल’ हो गया। अब सवाल ये है कि 2022 से लटके सीमांकन के लिए जिम्मेदार कौन है और मकान गणना की गड़बड़ी कब सुधरेगी? डीएम की जांच से ही सच सामने आएगा।

June 29, 2026

परसपुर के समाजसेवी एवं ब्लड डोनर मोनू चौरसिया अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित

 परसपुर के समाजसेवी एवं ब्लड डोनर मोनू चौरसिया अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित

परसपुर (गोंडा)। नगर पंचायत परसपुर बाजार निवासी युवा समाजसेवी एवं ब्लड डोनर मोनू चौरसिया को मानव सेवा एवं स्वैच्छिक रक्तदान के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए निफा (National Integrated Forum of Artists and Activities) के तत्वावधान में आयोजित “संवेदना–2 इंटरनेशनल ब्लड डोनेशन एंड अवेयरनेस कैंपेन” में प्रतिष्ठित “वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ एक्सीलेंस, इंग्लैंड” द्वारा अंतरराष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित किया गया। यह भव्य समारोह बाबा साहब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय, लखनऊ के अटल बिहारी वाजपेयी सभागार में आयोजित हुआ, जिसमें देश के विभिन्न राज्यों से आए समाजसेवी, रक्तदाता एवं विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता सिंह चौहान, पूर्व राज्य मंत्री नटवर गोयल, उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश नेतृत्वकर्ता संदीप बंसल, स्माइल मैन के नाम से प्रसिद्ध समाजसेवी सर्वेश अस्थाना तथा बाबा साहब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के निदेशक राजकुमार मित्तल उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने समाज सेवा एवं स्वैच्छिक रक्तदान को मानवता की सबसे बड़ी सेवा बताते हुए सम्मानित प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर मोनू चौरसिया को प्रमाण पत्र उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता सिंह चौहान द्वारा प्रदान किया गया तथा स्मृति चिह्न पूर्व राज्य मंत्री नटवर गोयल द्वारा भेंट कर सम्मानित किया गया। मोनू चौरसिया अब तक 49 बार स्वैच्छिक रक्तदान कर चुके हैं तथा वे लगातार रक्तदान शिविरों के आयोजन एवं जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं, जिससे क्षेत्र में उनकी एक अलग पहचान बनी हुई है। उनके इस सम्मान से क्षेत्र में हर्ष की लहर दौड़ गई है नीरज सिंह, विजय चौरसिया, सभासद जगदीश सोनी, तिलकराम वर्मा, बबलू गुप्ता, जीतू सिंह, किशन मिश्रा, ओमप्रकाश पांडेय, संजीव सिंह, देवेंद्र सिंह ‘काका’, नरेंद्र सोनी , संतोष चौरसिया सहित तमाम क्षेत्रवासियों एवं शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य एवं निरंतर समाज सेवा की कामना की।

June 29, 2026

आजाद सिंह हत्याकांड: मुख्य आरोपी अब भी फरार, एसपी ने गठित कीं 4 टीमें

 दो दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली, प्रेम विवाह बना खून-खराबे की वजह

पत्नी बोली- सौतेले भाई को हो फांसी, पुलिस का दावा- जल्द होगा खुलासा

गोण्डा। वजीरगंज के चिलमपुर गांव में हुए सनसनीखेज आजाद सिंह हत्याकांड में दो दिन बीत जाने के बाद भी मुख्य आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी विनीत जायसवाल ने मुख्य आरोपी संदीप सिंह और उसके साथी सुरेश कुमार विश्वकर्मा की गिरफ्तारी के लिए चार विशेष टीमें गठित कर दी हैं।  प्रेम विवाह बना रंजिश की जड़,पुलिस जांच में सामने आया है कि मृतक आजाद सिंह (35) ने डेढ़ साल पहले अपने दोस्त संदीप सिंह की सौतेली बहन पिंकी उर्फ खुशी सिंह से प्रेम विवाह किया था। इसी शादी को लेकर दोनों परिवारों में तनातनी चल रही थी। गांव में पंचायत के बाद आजाद का सामाजिक बहिष्कार भी हो चुका था। पुलिस इसी रंजिश को हत्या की मुख्य वजह मान रही है।  मांगलिक कार्यक्रम में जाते समय घात लगाकर मारा,पुलिस के अनुसार, शनिवार देर रात आजाद सिंह अपने परिचित सुरेश विश्वकर्मा के साथ नवाबगंज से चिलमपुर गांव में एक मांगलिक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में पहले से घात लगाए बैठे संदीप सिंह ने उन्हें रोक लिया। कहासुनी के बाद संदीप ने चाकू से आजाद के गले पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। लहूलुहान आजाद की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों आरोपी शव सड़क किनारे छोड़कर फरार हो गए।  पत्नी ने की फांसी की मांग- मृतक की पत्नी पिंकी उर्फ खुशी सिंह ने अपने सौतेले भाई संदीप की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। रोते हुए पिंकी ने कहा— _“जिसने मेरे सुहाग को उजाड़ा, उसे फांसी होनी चाहिए। मेरी 4 महीने की बेटी के सिर से बाप का साया उठ गया।”_  

थानेदार बोले- मिले हैं अहम सुराग

वजीरगंज थाना प्रभारी विपुल कुमार पाण्डेय ने बताया कि मृतक के भाई की तहरीर पर संदीप सिंह और सुरेश कुमार विश्वकर्मा के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले हैं। दावा किया कि जल्द ही दोनों को गिरफ्तार कर पूरे हत्याकांड का खुलासा कर दिया जाएगा।एसपी विनीत जायसवाल-  “मामला गंभीर है। चार टीमें लगाई गई हैं। आरोपियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। जल्द गिरफ्तारी होगी।”प्रेम विवाह को लेकर हुई यह हत्या फिर सवाल खड़े करती है— कब तक ‘इज्जत’ के नाम पर खून बहेगा? दो दिन बाद भी मुख्य आरोपी का न पकड़ा जाना पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल है। 4 महीने की बच्ची और विधवा पत्नी इंसाफ की बाट जोह रही हैं। देखना होगा कि एसपी की 4 टीमें कब तक आरोपियों को कटघरे तक पहुंचाती हैं।

June 29, 2026

पीडी बांध की जमीन पर बसा अवैध साम्राज्य: अधिकारियों की मिलीभगत से फल-फूल रहा कब्जा, उठे गंभीर सवाल

 पीडी बांध की जमीन पर बसा अवैध साम्राज्य: अधिकारियों की मिलीभगत से फल-फूल रहा कब्जा, उठे गंभीर सवाल

गोंडा। परसपुर-धौरहरा बांध की बेशकीमती सरकारी भूमि पर कर्नलगंज बसस्टॉप से बाबागंज के बीच तीन किलोमीटर तक बड़े पैमाने पर अवैध कब्जे का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि दबंगों ने बांध को कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त कर विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत से जमीन पर जबरन कब्जा कर मकान और दुकानें खड़ी कर दी हैं। सूत्रों के अनुसार, इन अवैध निर्माणों में बने कमरों को खुलेआम 1 से 3 लाख रुपये पगड़ी लेकर और 4 से 6 हजार रुपये मासिक किराये पर देकर मोटी अवैध वसूली की जा रही है। हैरानी की बात यह है कि सरकारी भूमि पर बसे इन अवैध कब्जेदारों को संबंधित विभागों द्वारा वर्षों से गृहकर और जलकर के दायरे में लाकर वैधता का रूप दिया जा रहा है। मामला यहीं नहीं रुकता—इन कब्जों को और मजबूत बनाने के लिए मतदाता सूची में नाम दर्ज कराए गए हैं, जिससे फर्जी मतदान की आशंका भी गहराती जा रही है। साथ ही, राशन कार्ड, विद्युत कनेक्शन, और यहां तक कि प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ भी कुछ लोगों को दे दिया गया है।सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इसी अवैध भूमि पर बने विद्यालय को मान्यता, निजी क्लीनिक व नर्सिंग होम को लाइसेंस तक जारी कर दिए गए हैं। इसके अलावा काफी जमीन पर प्लाटिंग कर आवासीय कॉलोनी विकसित कर दी गई है, जहां खुलेआम खरीद-फरोख्त का खेल जारी है।स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह सब संबंधित विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। वर्षों से जारी इस अवैध कब्जे और सुविधाओं की आपूर्ति ने प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।अब सवाल यह उठता है कि आखिर सरकारी जमीन पर यह अवैध साम्राज्य कब तक फलता-फूलता रहेगा? क्या जिम्मेदार अधिकारी इस पर कोई ठोस कार्रवाई करेंगे या फिर मिलीभगत का यह खेल यूं ही चलता रहेगा?